मंगलवार, 7 अगस्त 2018

एक थी ’सहमत’


जिस प्रकार आतंक का कोई धर्म; कोई मज़हब नहीं होता, उसी प्रकार देशभक्ति और वतनपरस्ती का भी कोई धर्म; कोई मज़हब नहीं होता। इतिहास साक्षी है ऐसी हुतात्माओं का जिन्होंने जात-पात और पँथ से ऊपर उठकर मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दे दी। ऐसी ही एक क्रान्तिकारी थी-"सहमत"। "सहमत" उसका असली नाम नहीं है, उसका वास्तविक नाम शायद हम देशवासियों को कभी पता भी ना चले। लेकिन हम भारतवासियों के लिए उसके नाम से कहीं अधिक महत्त्वपूर्ण उसकी शख़्सियत व उसके कार्य हैं। वह एक मुस्लिम घर में पैदा हुई और पली-बढ़ी। उसके पिता भारत के लिए पाकिस्तान की जासूसी करते थे। पिता के ही नक्शे-कदम पर चलकर उसने वतनपरस्ती को ही अपना ईमान बनाया और अपने प्राणों की परवाह किए बगैर पाकिस्तान की जासूसी की। 21 वर्षीय इस देशभक्त क्रान्तिकारी युवती की जासूसी के कारण ही भारत अपनी नौसेना के एकमात्र एयरक्राफ़्ट केरियर जहाज ...विक्रान्त को पाकिस्तानी हमले से बचा पाया। पाकिस्तान की जासूसी करते हुए पकड़े जाने का अन्देशा होने पर उस बहादुर युवती ने ना केवल दो हत्याएँ की वरन् अपनी सूझबूझ से सफलतापूर्वक अपने काम को अंजाम देकर भारत वापस लौट आई। इस युवती के जीवन पर हाल ही में मेघना गुलज़ार ने "राज़ी" नामक फ़िल्म का निर्माण किया है। वर्ष 2008 में इस युवती पर भारतीय नौसेना में लेफ़्टिनेंट कर्नल रहे हरिन्दर एस. सिक्का की लिखी पुस्तक प्रकाशित हुई, जिसका नाम है-"कालिंग सहमत"। "सहमत" ने भारत लौटकर अपनी बाकी ज़िंदगी पंजाब के एक छोटे से गाँव मलेर कोटला में बिताई। जहाँ वो ग्रामीणों के विकास के लिए अनवरत् कार्य करती रहीं। यहां तक कि उन्होंने अपने जीवन पर लिखी किताब व अपने ऊपर बनी फ़िल्म से मिले धन को समाज कल्याण के लिए दान कर दिया। इस देशभक्त युवती के बारे में नौसेना में रहे लेफ़्टिनेंट कर्नल (से.नि.) हरिन्दर एस. सिक्का कहते हैं-"एक पूर्व सैनिक होने के बावजूद मुझे यह स्वीकारते हुए गर्व है कि देशभक्ति का सच्चा अर्थ मैंने "सहमत" से जाना है।" अपनी जासूसी को सफल अंजाम तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई दो हत्याओं के कारण "सहमत" मानसिक विषाद से ग्रस्त हो गई थी। हाल ही में इस क्रान्तिकारी युवती का मलेर कोटला में निधन हो गया।
समस्त भारतवासियों की ओर से मैं इस देशभक्त क्रान्तिकारी को सादर नमन करता हूँ।
जय हिन्द...!

-प्रस्तुति: पं. हेमन्त रिछारिया

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